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महाकाल मंदिर में नए साल में दानवीरों की उमड़ी आस्था
महाकाल मंदिर में नए साल में दानवीरों की उमड़ी आस्था
उज्जैन. नया साल लगते ही बाबा महाकाल के भक्तों पर भोले की भक्ति की खुमारी चढ़ गई है। लगभग प्रतिदिन देश-विदेश के श्रद्धालुओं द्वारा दान राशि और खाद्यान्न सामग्री प्राप्त हो रही है। लगातार दानदाताओं का ग्राफ बढ़ रहा है।
मंदिर प्रबंध समिति द्वारा संचालित नि:शुल्क अन्नक्षेत्र में समिति सदस्य दीपक मित्तल की प्रेरणा से गुप्त दान के रूप में 100 किलो बेसन, 100 किलो आटा, 30 किलो तुअर दाल, 25 किलो चावल, 50 किलो नमक प्राप्त हुआ है। साथ ही इंदौर निवासी अक्षय गोयल द्वारा 40 किलो चावल तथा इंदौर के ही गोपी मेहता द्वारा 60 किलो चावल दान स्वरूप प्राप्त हुए।
दानदाता ने लगवाया चांदी का दरवाजा
इसी शृंखला में दानदाताओं द्वारा प्राप्त चांदी से भगवान महाकाल का समूचा गर्भगृह रजत मंडित किया जा चुका है। इसके पूर्व मंदिर के शिखर पर स्थापित कलशों को महाकालेश्वर स्वर्ण कलश योजना के तहत स्वर्ण मंडित किया गया था। नवंबर 2019 में लगभग 95 लाख रुपए का चांदी का दरवाजा नंदी मंडपम व गर्भगृह के बीच लगाया गया है। समय-समय पर मंदिर के पुजारी, पुरोहितों, समिति सदस्यों व कर्मचारियों के माध्यम से भी भक्तों को दान के लिए प्रेरित किया जाता है।
व्यवस्थाओं से प्रभावित होकर भी करते हैं
नि:शुल्क अन्नक्षेत्र सुबह 11 से रात 9 बजे तक संचालित होता है। दर्शन के बाद श्रद्धालु मंदिर के निर्गम मार्ग पर स्थित काउंटर से भोजन पर्ची प्राप्त कर बड़ा गणेश मंदिर के सामने स्थित अन्नक्षेत्र तथा उसके पास ही विस्तारित अन्नक्षेत्र में भोजन प्रसादी ग्रहण करते हैं और मंदिर की व्यवस्थाओं से प्रभावित होकर दान भी करते हैं।